बार-बार विस्फोट : हादसे के बाद जागती है सुरक्षा, फिर क्यों भूल जाते हैं सब?
लाख टके की बात - फहीम खान नागपुर जिले के कलमेश्वर क्षेत्र में रविवार को एसबीएल कंपनी की विस्फोटक इकाई में हुए भीषण धमाके में 17 मजदूरों की मौत ने एक बार फिर औद्योगिक सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. धमाका इतना तेज था कि आसपास के गांवों तक उसकी गूंज सुनाई दी. कई मजदूरों की मौके पर ही जान चली गई, जबकि कई अन्य घायल हो गए. घटना के बाद प्रशासन और बचाव दल मौके पर पहुंचे, लेकिन यह हादसा नागपुर के औद्योगिक इतिहास में एक और दर्दनाक अध्याय जोड़ गया. दरअसल, नागपुर जिले में विस्फोटक और रसायन उद्योगों में हादसों की यह पहली घटना नहीं है. पिछले कुछ वर्षों में ऐसे कई हादसे सामने आ चुके हैं. सबसे बड़ा हादसा दिसंबर 2023 में बाजारगांव स्थित सोलर इंडस्ट्रीज की फैक्ट्री में हुआ था, जहां विस्फोट में 9 मजदूरों की मौत हो गई थी और कई कर्मचारी घायल हुए थे. इसके पहले भी सोलर इंडस्ट्रीज की एक अन्य इकाई में विस्फोट की घटना सामने आई थी, जिसमें कामगार झुलस गए थे. इसके अलावा धमना गांव की चामुंडी एक्सप्लोसिव्स कंपनी में हुए धमाके में भी 6 मजदूरों की जान चली गई थी. कलमेश्वर क्षेत्र में पटाखा निर्मा...