चार महीने बाद भी नहीं मिला आधार

चार महीने बाद भी नहीं मिला आधार
- पंजीयन के बाद भी काटने पड़ रहे केंद्रों के चक्कर
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फहीम खान, 8483879505
इन दिनों कई मामलों में आधार नंबर अनिवार्य रूप से मांगा जाने लगा है. एक ओर केंद्र और राज्य सरकारों के अधीन चलाए जा रहे आधार केंद्रों को लेकर अलग-अलग समस्याएं सामने आने लगी हैं, वहीं दूसरी ओर पंजीयन के बाद भी चार -पांच महीनों का इंतजार करने के बाद आधार नहीं मिलने से नागरिक परेशान नजर आ रहे हैं. ताजा मामला एक दंपति का है, जिन्हें बार -बार अधिकृत केंद्र पर जाकर पंजीयन कराने के बाद भी अबतक ‘आधार’ मिला ही नहीं.
गोधनी निवासी प्रदीपकुमार गहलोत और उनकी पत्नी किरण गहलोत पिछले चार महीनों से आधार कार्ड बनवाने के लिए पंजीयन केंद्रों के चक्कर काटने पर मजबूर हैं. हर दफा उन्हें यही आश्वासन मिलता है कि जल्द ही उन्हें आधार कार्ड मिल जाएगा. लेकिन हर बार कोई न कोई दिक्कत सामने आने के कारण मामला लटक जाता है. उन्हें सबसे ज्यादा परेशान तो आधार की हेल्पलाइन ने कर रखा है. दंपति के मुताबिक इस हेल्पलाइन पर फोन करने पर भी कोई सुनवाई नहीं होती है.
मोबाइल सिम लेने गए तो पता चला
प्रदीपकुमार ने आधार का पंजीयन कराया तो उन्हें एक पर्ची केंद्र की ओर से थमाई गई. जिसपर उनके पंजीयन का नंबर और आधार नंबर लिखा हुआ था. उन्हें यह भी बताया गया था कि जल्द ही उनके घर के पते पर ओरिजनल आधार कार्ड मिल जाएगा. लेकिन इसी बीच उन्हें मोबाइल फोन के लिए सिमकार्ड खरीदना पड़ा. जब उन्होंने अपना आधार पंजीयन पत्र उन्हें थमाया तो जांचने पर पता चला कि उसमें उनके फिंगर प्रिंट्स ही नहीं है. लिहाजा मोबाइल कंपनी ने उन्हें सिम कार्ड देने से मना कर दिया.
कहते हैं, समय लगता है
कुछ ऐसा ही प्रदीपकुमार की पत्नी किरण के आधार नंबर के साथ भी हुआ. उन्होंने जब आधार पंजीयन नंबर वाली पर्ची पेश की तो उन्हें बताया गया कि उनका यह नंबर अधिकृत नहीं है. यह सुनने के बाद उन्होंने झींगाबाई टाकली स्थित पंजीयन केंद्र से संपर्क किया. लेकिन उन्हें जवाब मिला कि आधार की जानकारियां अपडेट होने में समय लगता है. इसके बाद 6 अप्रैल और 24 मई को भी दोनों ने अपने आधार कार्ड का अपडेशन कराने के लिए संबंधित केंद्र से संपर्क किया. फीस भी चुकाई. इसके बावजूद उन्हें आधार कार्ड अब तक नहीं मिला है.
वर्जन...
तकनीकी समस्या है
कई बार कुछ लोगों की बायोमेट्रिक जानकारी एंट्री कर देने के बाद भी यूआईडी से आधार जेनरेट नहीं होता है. यह तकनीकी समस्या है. इसका भी उपाय होता है. आप संबंधित दंपति को मेरे पास भेज दीजिए मैं व्यक्तिगत रूप से उनका आॅफलाइन काम कराकर यूआईडी को भेजता हूं. ऐसी समस्या आमतौर पर बुजुर्गाें के साथ पेश आती है. यह मामला एक्सेप्शनल है.
- किशोर मांडवगडे, संचालक,  आधार केंद्र गोधनी.
 

Fahim Khan

A Journalist now working for Lokmat Media pvt ltd. As a Dy. Chief Sub Editor. Specially deals in Naxal and tribal matter. Work as a Sr. Journalist for more than 10 years. After worked in Gadchiroli, worked 3 years at Amravati. From 2014 working at Nagpur.

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